सोमवार देर रात/मंगलवार अलसुबह, गुरुग्राम क्राइम ब्रांच सेक्टर 43 और दिल्ली पुलिस की टीम की साझा कार्रवाई साउथ दिल्ली के स्था कुंज पार्क में हुई। गुरुग्राम पुलिस के डीसीपी क्राइम राजेश फोगाट और एसीपी क्राइम श्री ललित दलाल के नेतृत्व में गठित क्राइम ब्रांच सेक्टर 43 की टीम को इनपुट मिला था कि भीम जोरा अपने एक साथी के साथ पार्क में किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में बैठा है ।
गुरुग्राम क्राइम ब्रांच सेक्टर 43 के इंस्पेक्टर नरेंद्र शर्मा की टीम ने तुरंत यह जानकारी दिल्ली पुलिस के अमर कॉलोनी थाना को दी। अमर कॉलोनी थाना ने डीसीपी साउथ ईस्ट श्री हेमंत तिवारी को सूचित किया । डीसीपी तिवारी ने तुरंत ऑपरेशन यूनिट स्पेशल स्टाफ दिल्ली से निरीक्षक श्री राजेन्द्र डागर के नेतृत्व में एक टीम गठित की, जो गुरुग्राम क्राइम ब्रांच के साथ मौके पर पहुंची ।
जब पुलिस टीमें आस्था कुंज पार्क पहुंचीं, तो भीम जोरा अपने एक साथी के साथ सीमेंट के बेंच पर बैठा था । पुलिस को देखते ही, पकड़े जाने के डर से, भीम जोरा ने जान से मारने की नीयत से ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी । भीम जोरा द्वारा फायर की गई एक गोली सीधे इंस्पेक्टर नरेंद्र शर्मा के बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी । जैकेट पहने होने के कारण इंस्पेक्टर नरेंद्र शर्मा बाल-बाल बच गए ।
इंस्पेक्टर नरेंद्र शर्मा ने आत्मसमर्पण की चेतावनी देते हुए एक हवाई फायर किया, लेकिन भीम जोरा लगातार पुलिस टीम की तरफ अंधाधुंध फायर करता रहा ।
इसके बाद पुलिस पार्टी की जवाबी कार्रवाई में आरोपी भीम जोरा गोली लगने से घायल हो गया । हालांकि, इस मुठभेड़ के दौरान उसका साथी फायरिंग करते हुए मौके से फरार होने में कामयाब रहा । घायल भीम जोरा को तुरंत AIIMS ट्रामा सेंटर ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया ।
मृतक आरोपी भीम महाबहादुर जोरा पुत्र महाबहादुर जोरा मूल रूप से नेपाल का रहने वाला था, और भारत में डकैती, हत्या, और चोरी की कई वारदातों को अंजाम दे चुका था ।
गुरुग्राम में चोरी:
2 अक्टूबर को, आरोपी भीम जोरा ने अपने साथी युभराज थापा के साथ मिलकर गुरुग्राम के सेक्टर 49 स्थित ऑर्किड पेटल सोसाइटी के विला नंबर 3 में महरौली बीजेपी जिला उपाध्यक्ष ममता भारद्वाज के घर में 20 लाख रुपये की चोरी की थी ।
डॉक्टर की हत्या:
मई 2024 में, भीम जोरा ने अपने पांच अन्य साथियों के साथ मिलकर नई दिल्ली के जंगपुरा इलाके में डॉक्टर योगेश चंद्र पॉल के घर डकैती डालकर उनकी बेरहमी से हत्या कर दी थी । इस मामले में वह एक साल से फरार था । इस हत्याकांड में शामिल चार अन्य साथी पहले ही गिरफ्तार हो चुके हैं ।
गुरुग्राम में 2 अन्य मुकदमों में भी वांछित था । जुलाई 2025 में गुरुग्राम के सिविल लाइन में प्रॉपर्टी डीलर के घर से 3.80 लाख की चोरी करने में भी वह शामिल था ।
गैंग सरगना:
भीम जोरा घरों और कोठियों में चोरी-डकैती करने वाले एक नेपाली गैंग का सरगना था। यह गैंग नेपाल से लोगों को बुलाकर उनके फर्जी आधार कार्ड बनवाता था और उन्हें बड़े शहरों की कोठियों में काम पर लगवाकर मौका मिलते ही चोरी या डकैती को अंजाम देता था ।
इंस्पेक्टर नरेंद्र शर्मा ने बताया कि सिपाही रोहित बालौरिया की इस फरार आरोपी की तलाश में अहम भूमिका रही । गुरुग्राम पुलिस ने 2 दिन पहले ही भीम जोरा के साथी युभराज थापा को आनंद विहार, दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया था ।
पुलिस अब फरार हुए दूसरे साथी की तलाश कर रही है और नेपाल बॉर्डर पर निगरानी बढ़ा दी गई है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे घरेलू नौकरों की आधार और पासपोर्ट वेरिफिकेशन अनिवार्य रूप से करवाएं ।